From the archive
तुंगनाथ घाटी को संवारने के लिये डीएम ने किया निरीक्षण, व्यापारियों से मांगे सुझाव

Photo credit
Uttarakhand collection · context photograph · PradeepBisht · CC BY-SA 4.0 · Resized, WebP conversion and display crop. Same license as original.Deepti.Pandey · 2021-02-23
रुद्रप्रयाग में तुंगनाथ घाटी एक अत्यंत रमणीय स्थान है, पर्यटन की अपार संभावनाओं को देखते हुये यहां जिलाधकारी ने कई स्थानों का भ्रमण किया।जिलाधिकारी मनुज गोयल ने तुंगनाथ घाटी के विभिन्न यात्रा पड़ावों, आकर्षक मखमली बुग्यालों व प्राकृतिक सौन्दर्य से भरपूर पर्यटक स्थलों का निरीक्षण करने के साथ ही स्थानीय व्यापारियों से चर्चा की। उन्होंने कहा कि, विश्व में तुंगनाथ घाटी को धरती के स्वर्ग के रूप में जाना जाता है, और तुंगनाथ घाटी में साहसिक खेलों व पर्यटन की असीम सम्भावनाएं हैं, इसलिए यहां पर साहसिक खेलों व पर्यटन व्यवसाय को बढ़ावा देने के सामूहिक प्रयास किये जायेंगे। जिलाधिकारी ने व्यापारियों से मांगे सुझाव जिलाधिकारी ने तुंगनाथ घाटी के मक्कूबैंड, पवधार, दुगलविट्टा, बनियाकुण्ड यात्रा पड़ावों सहित तुंगनाथ घाटी के सुरम्य मखमली बुग्यालों व पर्यटक स्थलों का स्थलीय निरीक्षण करते हुए स्थानीय व्यापारियों को सख्त हिदायत देते हुए कहा कि, बुग्यालों की सुन्दरता में यदि किसी प्रकार की छेड़खानी हुई तो उसे बर्दाश्त नहीं किया जायेगा। उन्होंने स्थानीय व्यापारियों से तुंगनाथ घाटी में साहसिक खेलों व पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से सुझाव मांगते हुए कहा कि, तुंगनाथ घाटी को प्रकृति ने अपने वैभवों का भरपूर दुलार दिया है, इसलिए तुंगनाथ घाटी के सुरम्य मखमली बुग्यालों की सुन्दरता विश्व विख्यात है। उन्होंने कहा कि, यदि तुंगनाथ घाटी में जैव विविधता पार्कों का निर्माण किया जाता है, तो तुंगनाथ घाटी के पर्यटन व्यवसाय में बद्दोत्तरी हो सकती है। जिलाधिकारी मनुज गोयल ने व्यापारियों से सुझाव मांगते हुए कहा कि, तुंगनाथ घाटी आने वाले सैलानियों को यदि सभी सुविधायें मिलती हैं तो तुंगनाथ घाटी आने वाले सैलानियों की संख्या में प्रति वर्ष निरन्तर वृद्धि होना स्वाभाविक ही है। स्थानीय व्यापारियों की मांग पर जिलाधिकारी ने एसडीएम परमानन्द को माह में दो दिन निर्धारित शुल्क दर कूड़ा निस्तारण के लिए नगर निकायों के वाहन उपलब्ध कराने के निर्देश दिये। होम स्टे योजना के लिए प्रशिक्षण जिलाधिकारी मनुज गोयल ने ग्रामीणों क्षेत्रों में होम स्टे योजना देने के उद्देश्य से युवाओं को प्रशिक्षण देने के लिए मक्कूबैंड गांव निवासी रजनीकांत मैठाणी को कार्य योजना तैयार करने को कहा और उषाड़ा निवासी दिनेश बजवाल को राजस्व ग्रामों में साहसिक खेलों प्रशिक्षण देने के लिए रुपरेखा तैयार करने को कहा। जिलाधिकारी ने राजस्व उप निरीक्षक सतीश भट्ट को ड्रोन कैमरे से तुंगनाथ घाटी के खीबसूरत स्थलों को चयनित कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिये। देखिये तुंगनाथ और आसपास के अन्य दर्शनीय स्थलों की जानकारी देते विडियो तुंगनाथ ? https://youtu.be/k2eOdkFL-AU चंद्रशिला ? https://youtu.be/cue6HgGYXZ8 देवरियाताल ? https://youtu.be/4WZmGyzpf6c उखीमठ ओंकारेश्वर मंदिर ? https://youtu.be/IvQ54oMCTSM मक्कुमठ ? https://youtu.be/RbOiFL3XAPo
UttaraPedia